नाबालिग लड़की से गैंगरेप के बाद हत्या करने के लिए दो लोगों को सजा-ए-मौत

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सागर जिले की एक अदालत ने करीब दो साल पहले 11 वर्षीय बालिका की सामूहिक बलात्कार के बाद हत्या करने के मामले में दो व्यक्तियों को मृत्युदंड की सजा सुनाई है। मृत्युदंड पाने वालों में से एक बालिका का चाचा एवं दूसरा उसका चचेरा भाई है। विशेष लोक अभियोजक ताहिर खान ने बृहस्पतिवार को बताया कि बण्डा के अपर सत्र न्यायाधीश उमाशंकर अग्रवाल ने 42 वर्षीय व्यक्ति एवं उसके 25 वर्षीय बेटे को 11 वर्षीय बालिका के साथ सामूहिक बलात्कार एवं उसकी हत्या करने का दोषी करार देते हुए मंगलवार को मृत्युदण्ड की सजा सुनाई।

खान ने बताया कि अदालत ने इस मामले को दुर्लभतम करार दिया। उन्होंने कहा कि 42 वर्षीय व्यक्ति बालिका का चाचा जबकि मृत्युदंड पाने वाला दूसरा व्यक्ति 42 वर्षीय व्यक्ति का बेटा है। खान ने कहा अदालत ने अपने फैसले में कहा कि दोषियों द्वारा 12 वर्ष से कम आयु की अबोध बालिका की बर्बरतापूर्वक हत्या की गई है।

अदालत ने कहा कि यह मामला दुर्लभतम मामले की श्रेणी में आता है। अदालत ने कहा कि दोनों दोषी बालिका के परिवार के सदस्य हैं और उन पर बालिका के पालन-पोषण एवं सुरक्षा का दायित्व था लेकिन उन्होंने उसके साथ क्रूरतापूर्वक सामूहिक बलात्कार करे उसकी हत्या का कृत्य किया। उन्होंने बताया कि अदालत ने इन दोनों पर भादंवि की धारा 376 (घ)(ख) में मृत्युदंड की सजा देने के साथ-साथ भादंवि की धारा 302 में भी मृत्युदंड से दंडित किया है।

खान ने कहा कि इस बच्ची को आरोपियों द्वारा 13 मार्च 2019 को उस वक्त बहला-फुसला कर ले जाया गया था, जब वह छठी कक्षा की परीक्षा देने स्कूल जा रही थी। उन्होंने बताया कि 14 मार्च 2019 को फरियादी ने थाना बण्डा आकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी नाबालिग लड़की (11 वर्ष) को कोई अज्ञात व्यक्ति बहला-फुसला कर ले गया है। उन्होंने बताया कि पुलिस ने बालिका की खोज शुरू की और उसी दिन बण्डा थानाक्षेत्र इलाके में इस बालिका की लाश मिली।

खान ने कहा कि बालिका की किसी धारदार हथियार से गला काटकर हत्या कर दी गई थी और घटनास्थल से करीब 45 फीट दूरी पर उसका सिर पड़ा हुआ था। खान ने बताया कि अज्ञात आरोपी के विरूद्ध भादंवि की धारा 302 जोड़ी गई। उन्होंने कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामूहिक बलात्कार की पुष्टि हुई। उन्होंने बताया कि इसके बाद प्रकरण में भादंवि की धारा 376, 377 एवं पॉक्सो कानून भी जोड़ा गया।

खान ने बताया कि मामले की जांच के दौरान 42 वर्षीय व्यक्ति एवं उसके बेटे द्वारा बालिका के साथ बारी-बारी से बलात्कार करना एवं हंसिया से गला काटकर उसकी हत्या करना पाया गया। उन्होंने कहा कि इस मामले की विवेचना पूर्ण करके अभियोग पत्र अदालत के समक्ष पेश किया गया और इन दोनों को मंगलवार को मृत्युदंड की सजा मिली।

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